उत्तरकाशी म रविवार देर रात 1:21 बजे 4.2 तीव्रता के भूकंप आय। यमुना घाटी ले गंगा घाटी तक झटके महसूस होइस। भूकंप के केंद्र राजगढ़ी क्षेत्र के पास 10 किमी गहराई म बताय गिस।
उत्तरकाशी (वंदे छत्तीसगढ़ मीडिया)। उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिला म रविवार के देर रात अचानक धरती कांप उठिस। रात करीब 1 बजके 21 मिनट म आए भूकंप के तेज झटका के बाद जिला के कई इलाका म कुछ देर बर अफरा-तफरी के माहौल बन गे। यमुना घाटी ले लेके गंगा घाटी तक कई इलाका म लोगन ला भूकंप के झटका महसूस होइस। अचानक घर-दुवार हिलत देख के कई लोग घबराके अपन घर ले बाहर निकल आए।
राहत के बात ये हवय कि भूकंप के चलते अब तक जिला म किसी किसम के जान-माल के नुकसान के खबर नइ मिलिस। प्रशासन के मुताबिक स्थिति सामान्य हवय अउ संबंधित विभाग के टीम लगातार इलाका के निगरानी करत हवय।
4.2 मैग्नीट्यूड के भूकंप, 10 किलोमीटर गहराई म रहिस केंद्र
जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र ले मिले जानकारी के मुताबिक, रविवार रात 1 बजके 21 मिनट म उत्तरकाशी म भूकंप आय। भूकंप के तीव्रता 4.2 मैग्नीट्यूड दर्ज करे गे हवय।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक भूकंप के केंद्र उत्तरकाशी जिला म जमीन के करीब 10 किलोमीटर नीचे बताय गे हवय। भूकंप के केंद्र बड़कोट तहसील मुख्यालय के नजदीक राजगढ़ी क्षेत्र के आसपास बताए जा रहे हवय।
भूकंप के केंद्र जमीन के ज्यादा गहराई म नइ होए के कारण आसपास के कई इलाका म लोगन ला झटका साफ-साफ महसूस होइस। हालांकि भूकंप के बाद अभी तक कऊनो बड़े नुकसान के सूचना सामने नइ आय हवय।
आधी रात अचानक कांपिस धरती, घर ले बाहर निकले लोग
भूकंप के झटका आधी रात के समय महसूस होइस। उस समय ज्यादातर लोग अपन घर म सोवत रहिन। अचानक घर के सामान हिलत अउ धरती कांपत महसूस होइस त कई लोग घबरागे।
कई जगह म लोग अपन घर ले बाहर निकल के सुरक्षित जगह म खड़े हो गिन। कुछ समय तक लोगन के बीच भूकंप के झटका के चर्चा चलत रहिस। आधी रात के समय भूकंप आए के कारण डर अउ चिंता के माहौल बन गे रहिस।
यमुना घाटी के इलाका के साथ-साथ गंगा घाटी के कई क्षेत्र म भी भूकंप के कंपन महसूस करे गे। हालांकि झटका के बाद धीरे-धीरे स्थिति सामान्य होवत गे।
प्रशासन अउ आपदा प्रबंधन टीम होइस सक्रिय
भूकंप के जानकारी मिलतेच जिला प्रशासन अउ आपदा प्रबंधन तंत्र सक्रिय हो गे। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र के माध्यम ले जिला के अलग-अलग क्षेत्र ले जानकारी जुटाय गिस।
प्रशासन के तरफ ले संबंधित अधिकारी अउ आपदा प्रबंधन के टीम ला स्थिति के जायजा लेवई के निर्देश दिए गे। अधिकारी मन अलग-अलग क्षेत्र म भूकंप के असर अउ संभावित नुकसान के जानकारी जुटावत रहिन।
प्रशासन के प्राथमिकता ये रहिस कि भूकंप के बाद कऊनो इलाका म सड़क, भवन, बिजली व्यवस्था या दूसर जरूरी सुविधा म नुकसान तो नइ होइस। राहत के बात ये हवय कि अब तक कऊनो बड़े नुकसान के जानकारी नइ मिलिस।
उत्तरकाशी म भूकंप के झटका के बाद बढ़िस सतर्कता
उत्तरकाशी हिमालयी क्षेत्र म स्थित हवय, जिहां समय-समय म भूकंप के कंपन महसूस होते रहिथे। ये इलाका भूकंपीय दृष्टि ले संवेदनशील क्षेत्र म गिने जाथे। एही कारण ले छोट या मध्यम तीव्रता के भूकंप के बाद भी प्रशासन अउ स्थानीय लोग सतर्क हो जाथें।
रविवार देर रात आए 4.2 मैग्नीट्यूड के भूकंप के बाद भी प्रशासन के तरफ ले स्थिति पर नजर रखे गे हवय। अधिकारी मन स्थानीय स्तर पर जानकारी जुटाके ये सुनिश्चित करत हवय कि कहीं कऊनो अप्रिय घटना तो नइ घटिस।
भूकंप के बाद लोगन ले भी सावधानी बरते के अपील करे गे हवय। अगर दोबारा झटका महसूस होय, त घबराए के बजाय सुरक्षित जगह म जाए अउ जरूरी सावधानी अपनाए के सलाह दिए जाथे।
जान-माल के नुकसान नइ, लेकिन लोगन म दहशत
भूकंप के सबसे राहत वाली बात ये हवय कि अब तक कऊनो जनहानि या बड़े संपत्ति नुकसान के खबर नइ आय हवय। हालांकि आधी रात के समय अचानक आए झटका ले लोगन म दहशत जरूर देखे गे।
भूकंप के झटका कुछ समय के रहिस, लेकिन रात के सन्नाटा म धरती कांपे के एहसास ले लोग घबरा गिन। कई लोग अपन परिवार के संग घर ले बाहर निकल आए अउ कुछ समय तक स्थिति सामान्य होए के इंतजार करत रहिन।
प्रशासन लगातार हालात पर नजर रखे हवय अउ जिला के अलग-अलग हिस्सा ले जानकारी लेवत हवय।
