रायपुर में आयोजित सीजी टेंट एंड डेकोर एक्सपो-2026 में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि मजबूत अधोसंरचना, नई उद्योग नीति और निवेशक-अनुकूल माहौल के कारण छत्तीसगढ़ तेजी से देश का प्रमुख औद्योगिक केंद्र बन रहा है। पढ़िए पूरी विस्तृत खबर।
रायपुर (वंदे छत्तीसगढ़ मीडिया)। छत्तीसगढ़ को देश के सबसे तेजी से विकसित हो रहे औद्योगिक राज्यों में शामिल करने की दिशा में राज्य सरकार लगातार प्रयासरत है। मजबूत अधोसंरचना, निवेशकों के लिए अनुकूल नीतियां, बेहतर कनेक्टिविटी और उद्योगों को प्रोत्साहन देने वाली योजनाओं के कारण प्रदेश अब निवेशकों की पहली पसंद बनता जा रहा है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रविवार को राजधानी रायपुर के लाभांडी स्थित एक निजी कन्वेंशन सेंटर में आयोजित सीजी टेंट एंड डेकोर एक्सपो-2026 में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने प्रदर्शनी का अवलोकन किया, विभिन्न स्टॉलों का निरीक्षण किया तथा देशभर से पहुंचे टेंट, डेकोरेशन और इवेंट इंडस्ट्री से जुड़े उद्यमियों एवं प्रतिनिधियों से संवाद कर उनके अनुभव भी साझा किए।
मुख्यमंत्री ने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के उद्योग आधारित आयोजन केवल व्यापारिक गतिविधियों तक सीमित नहीं होते, बल्कि यह नए विचारों, आधुनिक तकनीकों और नवाचारों को एक मंच पर लाकर पूरे उद्योग जगत को नई दिशा देने का कार्य करते हैं। ऐसे आयोजनों से छोटे और मध्यम उद्यमियों को भी बड़े बाजार से जुड़ने का अवसर मिलता है।
छत्तीसगढ़ निवेशकों के लिए बन रहा भरोसेमंद राज्य

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि आज छत्तीसगढ़ देश के उन राज्यों में शामिल हो रहा है, जहां उद्योग स्थापित करने के लिए सबसे अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराया जा रहा है। राज्य सरकार की नई उद्योग नीति को देश और विदेश के निवेशकों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। इसका परिणाम यह है कि विभिन्न क्षेत्रों में निवेश प्रस्ताव लगातार बढ़ रहे हैं और प्रदेश आर्थिक विकास की नई ऊंचाइयों की ओर अग्रसर है।
उन्होंने कहा कि सरकार केवल बड़े उद्योगों पर ही नहीं, बल्कि सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों (एमएसएमई) को भी समान रूप से प्रोत्साहित कर रही है। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ रहे हैं और युवाओं को अपने ही प्रदेश में स्वरोजगार एवं उद्यमिता के नए विकल्प मिल रहे हैं।
उद्योग और व्यापार को नई दिशा दे रहे ऐसे आयोजन
मुख्यमंत्री ने कहा कि टेंट एवं डेकोर उद्योग केवल शादी-विवाह या सामाजिक आयोजनों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पर्यटन, होटल, सांस्कृतिक कार्यक्रम, सरकारी आयोजन, कॉर्पोरेट इवेंट और प्रदर्शनी जैसे अनेक क्षेत्रों से जुड़ा हुआ है। इस उद्योग का विस्तार होने से हजारों लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार मिलता है।
उन्होंने कहा कि एक्सपो जैसे आयोजन उद्योग जगत को आधुनिक तकनीकों से जोड़ते हैं। नई मशीनें, आधुनिक सजावट की सामग्री, डिजिटल लाइटिंग, इको-फ्रेंडली उत्पाद और इवेंट मैनेजमेंट से जुड़े नवीन समाधान उद्योग की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता को बढ़ाते हैं। इससे स्थानीय व्यवसायियों को भी राष्ट्रीय स्तर के बाजार और तकनीक की जानकारी प्राप्त होती है।
रोजगार सृजन पर सरकार का विशेष फोकस
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अपने संबोधन में स्पष्ट किया कि राज्य सरकार का उद्देश्य केवल उद्योग स्थापित करना नहीं है, बल्कि ऐसा औद्योगिक वातावरण तैयार करना है जिससे युवाओं को अधिक से अधिक रोजगार और स्वरोजगार के अवसर प्राप्त हों।
उन्होंने कहा कि नई औद्योगिक नीति में स्थानीय युवाओं के कौशल विकास, स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने और उद्यमियों को सरल प्रक्रियाओं के माध्यम से उद्योग स्थापित करने की सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। सरकार उद्योगों और कौशल विकास संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर भी विशेष ध्यान दे रही है, ताकि उद्योगों की जरूरत के अनुरूप प्रशिक्षित मानव संसाधन तैयार किया जा सके।
प्रदर्शनी में आधुनिक तकनीकों का हुआ प्रदर्शन
सीजी टेंट एंड डेकोर एक्सपो-2026 में देशभर से आए प्रतिष्ठित निर्माताओं और कंपनियों ने अपने नवीनतम उत्पादों का प्रदर्शन किया। प्रदर्शनी में आधुनिक टेंट संरचनाएं, प्रीमियम डेकोरेशन सामग्री, एलईडी लाइटिंग सिस्टम, इवेंट मैनेजमेंट उपकरण, स्टेज डिजाइन, फर्नीचर, डिजिटल डिस्प्ले और कई अत्याधुनिक तकनीकों को प्रदर्शित किया गया।
मुख्यमंत्री ने विभिन्न स्टॉलों का निरीक्षण करते हुए उद्यमियों से उनके उत्पादों और तकनीकी नवाचारों की जानकारी ली। उन्होंने उद्योग प्रतिनिधियों से चर्चा करते हुए कहा कि बदलते समय के साथ गुणवत्ता, तकनीक और नवाचार को अपनाना अत्यंत आवश्यक है, जिससे भारतीय उद्योग वैश्विक प्रतिस्पर्धा में अपनी मजबूत पहचान बना सके।
राज्य की आर्थिक मजबूती का आधार बन रहा औद्योगिक विकास

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि किसी राज्य की औद्योगिक गतिविधियां मजबूत होती हैं तो उसका सीधा लाभ रोजगार, आय, कर संग्रह और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मिलता है। छत्तीसगढ़ में सड़क, रेल, बिजली, जल उपलब्धता और औद्योगिक अधोसंरचना को लगातार मजबूत किया जा रहा है, जिससे निवेशकों का विश्वास बढ़ा है।
राज्य सरकार द्वारा औद्योगिक क्षेत्रों के विस्तार, लॉजिस्टिक सुविधाओं के विकास, डिजिटल सेवाओं के विस्तार और निवेश प्रक्रियाओं को सरल बनाने जैसे कदम प्रदेश को नए औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
स्थानीय उद्यमियों को मिलेगा बड़ा लाभ
इस तरह के आयोजनों का सबसे बड़ा लाभ स्थानीय व्यापारियों और छोटे उद्यमियों को मिलता है। उन्हें नई तकनीकों को समझने, बड़े निर्माताओं से सीधे संपर्क स्थापित करने, व्यापारिक साझेदारी विकसित करने तथा बाजार की नई मांगों के अनुरूप अपने व्यवसाय को विकसित करने का अवसर मिलता है।
टेंट और डेकोर उद्योग से जुड़े कई उद्यमियों ने भी आयोजन को उपयोगी बताते हुए कहा कि इस प्रकार के एक्सपो से नए उत्पादों की जानकारी मिलती है और व्यापार विस्तार के बेहतर अवसर उपलब्ध होते हैं।
प्रदेश को औद्योगिक हब बनाने की दिशा में मजबूत कदम
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध होने के साथ-साथ अब औद्योगिक विकास की नई पहचान भी बना रहा है। सरकार निवेशकों के लिए पारदर्शी, सरल और भरोसेमंद व्यवस्था उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। आने वाले वर्षों में प्रदेश में उद्योग, व्यापार, सेवा क्षेत्र और उद्यमिता के विस्तार से आर्थिक गतिविधियां और अधिक मजबूत होंगी।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सरकार, उद्योग जगत और उद्यमियों के संयुक्त प्रयासों से छत्तीसगढ़ न केवल मध्य भारत बल्कि पूरे देश के प्रमुख औद्योगिक एवं निवेश केंद्रों में अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित करेगा।
