नकटी गांव तोड़फोड़ मामला म प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज साय सरकार ऊपर गंभीर आरोप लगाइस। कांग्रेस के कहना हे कि कार्रवाई अमानवीय, अनैतिक अउ गैरकानूनी रही। जानव पूरा मामला, प्रेसवार्ता के मुख्य बात अउ कांग्रेस के अगला कदम।
रायपुर (वंदे छत्तीसगढ़ मीडिया)। छत्तीसगढ़ के नकटी गांव म हाल ही म होय तोड़फोड़ के मामला अब राजनीतिक रूप ले गरमा गे हे। राजधानी रायपुर के राजीव भवन म आयोजित पत्रकार वार्ता म प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज साय सरकार ऊपर तीखा हमला करत कहिन कि नकटी गांव म कई मकान मन के तोड़फोड़ गरीब परिवार मन संग अन्याय आय। कांग्रेस के दावा हे कि ए कार्रवाई म प्रधानमंत्री आवास योजना सहित कुल 85 मकान प्रभावित होए हवंय।
दीपक बैज के मुताबिक, ए कार्रवाई सिरिफ अमानवीय अउ अनैतिक नई, बल्कि पूरी तरह गैरकानूनी घलो आय। कांग्रेस अब दोषी अधिकारी मन ऊपर कानूनी कार्रवाई के मांग करत हे अउ चेतावनी देहे कि अगर सरकार ए मामला म कार्रवाई नइ करही, त पार्टी न्यायालय के दरवाजा खटखटाही।
प्रेसवार्ता म सरकार ऊपर साधिस निशाना
राजीव भवन म मीडिया संग बातचीत करत दीपक बैज कहिन कि नकटी गांव म होय तोड़फोड़ साय सरकार के गरीब विरोधी सोच ला उजागर करथे। ओखर कहना रहिस कि जेन परिवार मन बर मकान सिरिफ एक ठन संपत्ति नइ, बल्कि जीवन के सबसे बड़ा सहारा रहिथे, ओमन ऊपर ए प्रकार के कार्रवाई संवेदनशीलता के विपरीत हे।
कांग्रेस के मुताबिक, प्रभावित परिवार मन म कई गरीब अउ जरूरतमंद लोग शामिल हवंय, जेन मन के मकान म प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बने घर घलो शामिल बताए जात हें।
बरसात के समय कार्रवाई ऊपर उठाइस सवाल
दीपक बैज प्रेसवार्ता म ए बात ऊपर घलो सवाल उठाइन कि मानसून के समय ए प्रकार के विस्थापन अउ तोड़फोड़ के कार्रवाई करना उचित नइ माने जाथे।
ओखर कहना रहिस कि छत्तीसगढ़ म सामान्य रूप ले जून महीना के मध्य ले मानसून सक्रिय हो जाथे। ए समय के बाद मानवीय दृष्टिकोण ले बड़े पैमाना म विस्थापन संबंधी कार्रवाई ले बचे जाथे। कांग्रेस के आरोप हे कि नकटी गांव म 29 जून के कार्रवाई ए परंपरा अउ संवेदनशील प्रशासनिक प्रक्रिया के खिलाफ रही।
हालांकि, ए संबंध म प्रशासन के आधिकारिक पक्ष सामने आना अभी बाकी हे।
सीमांकन प्रक्रिया ला लेके घलो उठाइस सवाल
कांग्रेस अध्यक्ष के मुताबिक, बरसात के मौसम शुरू होय के बाद जमीन के सीमांकन संबंधी प्रक्रिया सामान्य रूप ले नइ करे जाथे। ए आधार ऊपर कांग्रेस ए कार्रवाई के वैधानिक प्रक्रिया ऊपर घलो सवाल खड़ा करिस।
पार्टी के कहना हे कि अगर नियम-कायदा के पालन नइ होइस, त पूरा मामला के निष्पक्ष जांच होय अउ जिम्मेदार अधिकारी मन ऊपर आवश्यक कार्रवाई करे जाय।
दोषी अधिकारी मन ऊपर कार्रवाई के मांग
कांग्रेस प्रेसवार्ता म मांग करिस कि नकटी गांव म जेन अधिकारी मन ए कार्रवाई म शामिल रहिन, ओमन के भूमिका के जांच होवय। अगर जांच म नियम के उल्लंघन सामने आवय, त संबंधित अधिकारी मन ऊपर कठोर कानूनी कार्रवाई करे जाय।
दीपक बैज कहिन कि प्रशासनिक कार्रवाई म कानून के पालन अउ मानवीय संवेदनशीलता दुनों जरूरी होथे। यदि ए दुनों बात के अनदेखी होही, त जनता के विश्वास कमजोर हो सकथे।
कोर्ट जाए के चेतावनी
कांग्रेस स्पष्ट करिस कि अगर सरकार ए मामला म उचित कार्रवाई नइ करही, त पार्टी कानूनी रास्ता अपनाही। प्रेसवार्ता म दीपक बैज कहिन कि जरूरत पड़िस त ए पूरा मामला न्यायालय म ले जाए जाही, ताकि प्रभावित परिवार मन ला न्याय मिल सके।
कांग्रेस के मुताबिक, पार्टी प्रभावित परिवार मन के पक्ष म कानूनी लड़ई लड़ई बर तैयार हे।
सरकार के पक्ष के इंतजार
नकटी गांव तोड़फोड़ मामला अब राजनीतिक चर्चा के केंद्र म आ गे हे। कांग्रेस के आरोप सामने आ चुके हें, लेकिन ए मामला म राज्य सरकार या संबंधित प्रशासनिक विभाग के विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया के इंतजार हे।
पत्रकारिता के दृष्टिकोण ले मामला के पूरा पक्ष सामने आना जरूरी हे। सरकार या प्रशासन के जवाब सामने आही, त स्थिति अउ स्पष्ट हो सकही कि कार्रवाई किन परिस्थितियों म अउ कऊन कानूनी आधार ऊपर की गे रहिस।
नकटी गांव म होय तोड़फोड़ के मामला अब राजनीतिक बहस के बड़ा विषय बन गे हे। कांग्रेस ए कार्रवाई ला अमानवीय, अनैतिक अउ गैरकानूनी बतावत सरकार ऊपर गंभीर आरोप लगाए हे अउ दोषी अधिकारी मन ऊपर कार्रवाई के मांग करिस हे। पार्टी कोर्ट जाए के चेतावनी घलो देहे हे। अब सबके नजर सरकार अउ प्रशासन के आधिकारिक जवाब अउ आगे के कार्रवाई ऊपर टिके हे, काबर ए मामला प्रभावित परिवार मन के अधिकार अउ प्रशासनिक प्रक्रिया दुनों ले जुड़ल विषय बन गे हे।
