कोरबा जिला के उरगा थाना क्षेत्र म जादू-टोना के संदेह म 65 बछर के वृद्धा ला लगातार प्रताड़ित करे के मामला सामने आइस। पुलिस ह जांच के बाद एके परिवार के तीन आरोपी मन ला गिरफ्तार करके टोनही प्रताड़ना अधिनियम अऊ बीएनएस के विभिन्न धारामन के तहत कार्रवाई करिस।
कोरबा (वंदे छत्तीसगढ़ मीडिया)। विज्ञान अऊ तकनीक के तेजी ले बढ़त दौर म आज घलो समाज के कुछ हिस्सा म अंधविश्वास के जड़ गहिरा बने हवय। जादू-टोना अऊ टोनही जइसने मान्यता के चलते कई निर्दोष लोगन ला मानसिक अऊ सामाजिक प्रताड़ना झेलना पड़त हे। अइसनेच एक मामला कोरबा जिला के उरगा थाना क्षेत्र ले सामने आइस, जिहां जादू-टोना करे के संदेह म एक 65 बछर के बुजुर्ग महिला ला करीब दू बछर ले लगातार प्रताड़ित करे जात रहिस। पीड़िता के शिकायत के बाद पुलिस जांच करिस अऊ एके परिवार के तीन सदस्य मन ला गिरफ्तार कर लिहिस।
पुलिस ले मिलत जानकारी के मुताबिक उरगा थाना क्षेत्र के ग्राम कुदुरमाल निवासी सत्यभामा वैष्णव (65 वर्ष) अपन बेटा राजेंद्र वैष्णव संग रहिथे। पीड़िता ह थाना पहुंचके शिकायत दर्ज कराइस कि पड़ोस म रहइया लक्ष्मीन उर्फ लक्ष्मी अऊ ओकर परिवार वाले बीते करीब दू बछर ले लगातार ओकर प्रताड़ना करत रहिन।
शिकायत म बताय गे हवय कि आरोपी मन बार-बार घर के आगू आके जादू-टोना करे के आरोप लगावत रहिन। ए दौरान गाली-गलौज करथें, बेइज्जती करथें अऊ डर-धमकी देवत रहिन। पीड़िता के मुताबिक कई बार घर ले बाहर निकले ऊपर जान ले मार देबे के धमकी घलो दीस, जेन ले पूरा परिवार डरे-सहमे माहौल म जिनगी बितावत रहिस।
दू बछर तक लगातार मानसिक प्रताड़ना झेले के बाद आखिरकार सत्यभामा वैष्णव ह हिम्मत जुटाके उरगा थाना म लिखित शिकायत दर्ज कराइस। शिकायत मिलते पुलिस ह मामला के गंभीरता ला देखते जांच शुरू करिस।
विवेचना के दौरान पुलिस ह पीड़िता अऊ आसपास के लोगन के बयान दर्ज करिस। जांच म पर्याप्त तथ्य सामने आए के बाद पुलिस ह आरोपी लक्ष्मीन उर्फ लक्ष्मी, ओकर बेटा अऊ बेटी ला गिरफ्तार कर लिहिस। तीनों आरोपी एके परिवार के सदस्य बताय जात हवंय।
पुलिस ह आरोपी मन के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के धारा 296, 351(3), 3(5) के संग-संग टोनही प्रताड़ना निवारण अधिनियम के धारा 4 अऊ 5 के तहत मामला दर्ज करके वैधानिक कार्रवाई करिस। गिरफ्तारी के बाद तीनों आरोपी मन ला न्यायालय म पेश करे गीस, जिहां ले आगे के कानूनी प्रक्रिया जारी हवय।
छत्तीसगढ़ म टोनही प्रताड़ना ला रोकाय बर अलग कानून बनाय गे हवय, ताकि अंधविश्वास के नाम म काकरो संग अत्याचार नई होय। ए कानून के मकसद विशेष रूप ले महिला मन, बुजुर्ग मन अऊ कमजोर वर्ग के लोगन ला सुरक्षा प्रदान करना आय। कानून साफ कहिथे कि जादू-टोना या टोनही बताके काकरो प्रताड़ित करना अपराध आय अऊ एखर बर कड़ी सजा के प्रावधान हवय।
सामाजिक जानकार मन के कहना हे कि आज विज्ञान के दौर म अंधविश्वास के कारण विवाद अऊ हिंसा के घटना समाज बर गंभीर चिंता के विषय आय। कई बार बिना कऊनो सबूत के निर्दोष महिला मन ला टोनही कहिके मानसिक, सामाजिक अऊ शारीरिक प्रताड़ना सहना पड़थे। एखर से समाज म जागरूकता बढ़ाय अऊ कानून के जानकारी देना बहुत जरूरी हो गे हवय।
उरगा पुलिस के ए कार्रवाई साफ संदेश देथे कि अंधविश्वास के नाम म कानून हाथ म लेके काकरो प्रताड़ित करना बर्दाश्त नई करे जाही। अगर कऊनो व्यक्ति अइसने हरकत करही, त ओकर खिलाफ कानून अनुसार सख्त कार्रवाई होही।
पुलिस ह आम नागरिक मन ले अपील घलो करे हवय कि जादू-टोना जइसने अंधविश्वास म भरोसा करे के बजाय कानूनी अऊ वैज्ञानिक सोच अपनावंय। अगर कऊनो व्यक्ति ला अइसने घटना के सामना करना पड़त हे, त बिना डरे नजदीकी थाना म शिकायत दर्ज करावंय, ताकि समय रहते कार्रवाई हो सके अऊ पीड़ित ला न्याय मिल सके।
