छत्तीसगढ़ भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता अमित चिमनानी ने कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर पर तीखा हमला बोला। जानिए उन्होंने गांधी परिवार, कांग्रेस के भविष्य और प्रशिक्षण शिविर को लेकर क्या-क्या आरोप लगाए।
रायपुर (वंदे छत्तीसगढ़ मीडिया)। छत्तीसगढ़ की राजनीति में बयानबाजी का दौर लगातार तेज होता जा रहा है। इसी कड़ी में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश प्रवक्ता अमित चिमनानी ने कांग्रेस के हाल ही में संपन्न हुए 10 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर की तुलना लोकप्रिय रियलिटी शो ‘बिग बॉस’ के घर से करते हुए दावा किया कि इस शिविर का उद्देश्य कार्यकर्ताओं को जनता की सेवा के लिए तैयार करना नहीं, बल्कि गांधी परिवार के प्रति निष्ठा और सेवा का पाठ पढ़ाना था।
भाजपा की ओर से जारी बयान में अमित चिमनानी ने कांग्रेस की कार्यशैली, संगठनात्मक व्यवस्था और उसके भविष्य को लेकर भी कई राजनीतिक टिप्पणियां कीं। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस आज देश के कुछ ही राज्यों तक सीमित होकर रह गई है और आने वाले समय में उसका राजनीतिक प्रभाव और कमजोर होगा।
प्रशिक्षण शिविर को लेकर भाजपा का हमला
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अमित चिमनानी ने कहा कि कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर में कार्यकर्ताओं को राष्ट्रहित, विकास, सुशासन या जनता की समस्याओं के समाधान से जुड़े विषयों पर प्रशिक्षित करने के बजाय गांधी परिवार के प्रति समर्पण का संदेश दिया गया।
उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस का पूरा संगठन एक ही परिवार के इर्द-गिर्द सिमट गया है और पार्टी के भीतर विचारों की स्वतंत्रता या लोकतांत्रिक परंपराओं के लिए पर्याप्त स्थान नहीं बचा है। भाजपा के अनुसार, यही कारण है कि कांग्रेस लगातार चुनावी चुनौतियों का सामना कर रही है।
‘बिग बॉस’ से की तुलना
अपने बयान में अमित चिमनानी ने कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर की तुलना ‘बिग बॉस’ के घर से करते हुए व्यंग्य किया। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार रियलिटी शो में कुछ तय नियमों के तहत प्रतिभागियों का व्यवहार संचालित होता है, उसी प्रकार कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर में भी नेतृत्व के प्रति निष्ठा पर अधिक जोर दिया गया।
हालांकि यह तुलना भाजपा की राजनीतिक टिप्पणी का हिस्सा है और कांग्रेस की ओर से इस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
कांग्रेस के भविष्य पर भी उठाए सवाल
भाजपा प्रवक्ता ने दावा किया कि कांग्रेस का जनाधार लगातार घट रहा है और पार्टी अब केवल कुछ राज्यों तक सीमित रह गई है। उन्होंने कहा कि जनता ऐसे राजनीतिक दलों को प्राथमिकता देती है जो विकास, सुशासन और जनसेवा के मुद्दों पर काम करते हैं।
भाजपा के अनुसार, लोकतंत्र में अंतिम निर्णय जनता का होता है और जनता उन्हीं दलों को समर्थन देती है जो उनके विश्वास पर खरे उतरते हैं।
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर साधा निशाना
अमित चिमनानी ने अपने बयान में कांग्रेस पर भ्रष्टाचार को लेकर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि देश की जनता अब ऐसे राजनीतिक दलों से दूरी बना रही है जिन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगते रहे हैं।
हालांकि इन आरोपों पर कांग्रेस की ओर से इस बयान के संदर्भ में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
प्रदेश की राजनीति में बढ़ी बयानबाजी
छत्तीसगढ़ में आगामी राजनीतिक गतिविधियों और विभिन्न दलों के संगठनात्मक कार्यक्रमों के बीच भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर लगातार जारी है। दोनों प्रमुख दल एक-दूसरे की नीतियों, कार्यक्रमों और नेतृत्व को लेकर लगातार बयान दे रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले समय में प्रदेश में इस तरह की राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो सकती है, क्योंकि दोनों दल संगठन को मजबूत करने और जनता तक अपना संदेश पहुंचाने में जुटे हुए हैं।
कांग्रेस की प्रतिक्रिया का इंतजार
भाजपा के इस बयान के बाद अब कांग्रेस की प्रतिक्रिया पर भी राजनीतिक हलकों की नजर रहेगी। आमतौर पर इस प्रकार के आरोपों और राजनीतिक टिप्पणियों पर दोनों दल अपनी-अपनी ओर से जवाब देते रहे हैं। ऐसे में संभावना है कि कांग्रेस भी भाजपा के आरोपों का जवाब दे सकती है।
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अमित चिमनानी ने कांग्रेस के 10 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर को लेकर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। उन्होंने शिविर की तुलना ‘बिग बॉस’ के घर से करते हुए दावा किया कि वहां कार्यकर्ताओं को जनता की सेवा के बजाय गांधी परिवार के प्रति निष्ठा का संदेश दिया गया। साथ ही उन्होंने कांग्रेस के भविष्य और उसकी राजनीतिक स्थिति को लेकर भी कई दावे किए। फिलहाल यह पूरा मामला राजनीतिक बयानबाजी का हिस्सा है और इस पर कांग्रेस की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।
