रायपुर (वंदे छत्तीसगढ़ मीडिया) । देशभर में चर्चित महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप और उससे जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच लगातार आगे बढ़ रही है। इसी क्रम में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने जांच का दायरा बढ़ाते हुए मशहूर स्पोर्ट्स प्रेजेंटर शेफाली बग्गा से रायपुर स्थित अपने जोनल कार्यालय में विस्तृत पूछताछ की है। सूत्रों के अनुसार, एजेंसी ने उनसे कई पहलुओं पर जानकारी ली और कुछ दस्तावेजों व वित्तीय लेनदेन से जुड़े बिंदुओं पर स्पष्टीकरण भी मांगा।
जांच एजेंसी का कहना है कि इस मामले में अब विभिन्न व्यक्तियों और संस्थाओं के बीच संभावित वित्तीय लेनदेन, कारोबारी संपर्क और पेशेवर संबंधों की गहन जांच की जा रही है। इसी कड़ी में शेफाली बग्गा से भी पूछताछ की गई है। हालांकि, ED ने अब तक उनके खिलाफ किसी अपराध के सिद्ध होने की आधिकारिक घोषणा नहीं की है और न ही अदालत ने इस संबंध में कोई अंतिम निष्कर्ष दिया है।
कथित हवाला नेटवर्क से जुड़े संबंधों की जांच
प्रवर्तन निदेशालय का दावा है कि जांच के दौरान कुछ ऐसे इनपुट सामने आए हैं, जिनमें कथित हवाला ऑपरेटर खंजन जगदीश कुमार ठक्कर के साथ संभावित संपर्कों की जांच की जा रही है। एजेंसी इस बात की पड़ताल कर रही है कि क्या दोनों के बीच किसी प्रकार का वित्तीय या पेशेवर संबंध रहा है और यदि रहा है तो उसकी प्रकृति क्या थी।
हालांकि, यह स्पष्ट करना आवश्यक है कि ये जांच एजेंसी के आरोप और जांच के दायरे का हिस्सा हैं। इनकी पुष्टि न्यायालय द्वारा नहीं की गई है। किसी भी व्यक्ति की कानूनी जिम्मेदारी या दोष का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगा।
बैंक खातों और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की हो रही जांच
सूत्रों के अनुसार, ED फिलहाल बैंक खातों के विवरण, डिजिटल रिकॉर्ड, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों, मोबाइल डेटा, वित्तीय दस्तावेजों और अन्य उपलब्ध अभिलेखों का विश्लेषण कर रही है। एजेंसी का उद्देश्य यह समझना है कि कथित धन के प्रवाह, भुगतान और पेशेवर लेनदेन के बीच कोई संबंध बनता है या नहीं।
जांच अधिकारी संबंधित दस्तावेजों का मिलान कर रहे हैं और आवश्यकता पड़ने पर आगे भी संबंधित लोगों से पूछताछ की जा सकती है। हालांकि, एजेंसी ने जांच के हित में अधिक जानकारी सार्वजनिक नहीं की है।
महादेव ऐप मामला क्यों है चर्चा में?
महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप से जुड़ा मामला पिछले कुछ वर्षों से देश की सबसे चर्चित आर्थिक अपराध जांचों में शामिल रहा है। इस मामले में कथित तौर पर अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी, हवाला नेटवर्क और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे आरोपों की जांच विभिन्न केंद्रीय एजेंसियां कर रही हैं। मामले में पहले भी कई कारोबारी, प्रमोटर, फिल्म और मनोरंजन जगत से जुड़े कुछ लोगों से पूछताछ की जा चुकी है।
इसी क्रम में अब स्पोर्ट्स प्रेजेंटर शेफाली बग्गा से हुई पूछताछ ने इस हाई-प्रोफाइल जांच को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया है।
कानूनी प्रक्रिया जारी
कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी जांच के दौरान पूछताछ होना सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा है। केवल पूछताछ के आधार पर किसी व्यक्ति को दोषी नहीं माना जा सकता। अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने और न्यायालय की प्रक्रिया के बाद ही सामने आएगा।
फिलहाल ED अपनी जांच जारी रखे हुए है और आने वाले दिनों में इस मामले में नए तथ्य सामने आने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
